ताइपे, पांच जून (एपी) चीन ने ताइवान की सत्तारूढ़ पार्टी की तरफ से देश में हैकिंग अभियान को अंजाम देने के आरोप में वहां (ताइवान) के 20 लोगों के खिलाफ बृहस्पतिवार को वारंट जारी किया। बीजिंग ने उस ताइवानी कंपनी के साथ व्यापार पर भी प्रतिबंध लगा दिया, जिसके मालिकों को चीनी अधिकारियों ने “ताइवान की स्वायत्तता का कट्टर समर्थक” बताया है।
दक्षिणी शहर गुआंगझाउ की पुलिस ने बताया कि ताइवान की स्वायत्तता की समर्थक ‘डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव पार्टी’ (डीपीपी) की ओर से हैकिंग अभियान निंग एनवेई नामक व्यक्ति के नेतृत्व में चलाया गया। हालांकि, पुलिस ने आरोपियों के कथित अपराध का विवरण नहीं दिया।
इस बीच, चीन सरकार ने कहा कि सिकुएंस इंटरनेशनल कंपनी लिमिटेड के साथ सभी व्यापारिक संबंधों पर प्रतिबंध लगा दिया गया है, जिसका नेतृत्व राष्ट्रीय विधायिका के सदस्य प्यूमा शेन और उनके व्यवसायी पिता करते हैं। सरकार ने शेन और उनके पिता को ताइवान की स्वायत्तता का कट्टर समर्थक बताया।
सिकुएंस इंटरनेशनल की वेबसाइट के मुताबिक, कंपनी चीन से साइकिल के कल-पुर्जों का आयात करने के लिए जानी जाती है।
डीपीपी ने चीन के आरोपों को सिरे से खारिज किया है।
पार्टी के अंतरराष्ट्रीय मामलों के कार्यवाहक निदेशक माइकल चेन ने कहा, “यह स्पष्ट रूप से चीनी कम्युनिस्ट पार्टी (सीसीपी) की ओर से परेशानी खड़ी करने के लिए झूठे आरोप गढ़ने का मामला है। जब घुसपैठ, साइबर हमले और ‘ग्रे-जोन’ युद्ध की बात आती है, तो सबसे कुख्यात अपराधी सीसीपी है।”
‘ग्रे-जोन’ युद्ध से आशय खुले युद्ध से इतर आक्रामक रणनीति से है।
एपी पारुल सुभाष
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