गुवाहाटी, 11 जून (भाषा) कांग्रेस सांसद रकीबुल हुसैन ने बुधवार को आरोप लगाया कि असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा जनता में भय पैदा करने के लिए जानबूझकर विदेशी अधिनियम और भारतीय नागरिकता अधिनियम को एक साथ जोड़ रहे हैं।
उन्होंने यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए वैध भारतीय नागरिकों को बांग्लादेश वापस भेजने की असम सरकार की कथित कार्रवाई की निंदा की और इसे असंवैधानिक करार दिया।
हुसैन ने कहा कि असम समझौते के प्रावधानों के अनुसार विदेशियों का पता लगाया जाना चाहिए और उन्हें निर्वासित किया जाना चाहिए तथा राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) इस मुद्दे को हल करने की दिशा में एक प्रक्रिया है।
असम समझौता राज्य में छह साल तक जारी रहे विदेशी विरोधी हिंसक आंदोलन के बाद 1985 में किया गया था।
उन्होंने कहा, ‘‘कांग्रेस सरकार ने असम समझौते के आधार पर एनआरसी लागू करने का फैसला किया था। नागरिकता अधिनियम इसके लिए कानूनी ढांचा था। हालांकि, मुख्यमंत्री शर्मा अब वास्तविक मुद्दों से ध्यान भटका रहे हैं।’’
भाषा नेत्रपाल धीरज
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