27.3 C
Jaipur
Saturday, August 30, 2025

विपक्ष मतदाता सूची पुनरीक्षण के खिलाफ बंद रख न्यायपालिका पर दबाव बनाने की कर रहा कोशिश : भाजपा

Newsविपक्ष मतदाता सूची पुनरीक्षण के खिलाफ बंद रख न्यायपालिका पर दबाव बनाने की कर रहा कोशिश : भाजपा

नयी दिल्ली, नौ जुलाई (भाषा) सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण का पुरजोर समर्थन करते हुए बुधवार को इस प्रक्रिया के खिलाफ राज्य में बंद आहूत करने के लिए विपक्षी दलों पर निशाना साधा और सवाल किया कि क्या वे चाहते हैं कि रोहिंग्या समेत अवैध घुसपैठिए चुनाव में मतदान करें।

भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने यहां आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में बंद के पीछे की मंशा पर सवाल उठाया और विपक्षी दलों से पूछा कि क्या वे इस तरह की रणनीति के जरिए न्यायपालिका पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहे हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘इन सभी नेताओं ने उच्चतम न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है, जो उनका अधिकार है। लेकिन जब कल सुनवाई होने वाली है, तो वे दबाव बनाने के लिए आज सड़क पर राजनीति क्यों कर रहे हैं?’’

प्रसाद ने सवाल किया कि जब उच्चतम न्यायालय में सुनवाई होनी है तो आज सड़कों पर उतरने का क्या उद्देश्य है। उन्होंने कहा, ‘‘क्या यह न्यायपालिका पर दबाव बनाने की कोशिश है?’’

उन्होंने कहा, ‘‘इन लोगों को या तो न्यायपालिका पर भरोसा करना चाहिए या सड़कों पर उतरने के विकल्प पर ही बने रहना चाहिए।’’

प्रसाद ने कहा कि केवल वे ही लोग चुनाव में मतदान कर सकते हैं जो भारतीय नागरिक हैं, 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के हैं, तथा सामान्यतः उस क्षेत्र के निवासी हैं जहां वे मतदान के लिए पंजीकृत हैं।

उन्होंने सवाल किया, ‘‘ऐसे में अगर मतदाता सूची में संशोधन किया जा रहा है तो क्या परेशानी है?’’

See also  Beyond Metros: City Vitality Index Captures India's Evolving Urban Economic Landscape

भाजपा नेता ने कहा, ‘‘क्या वे (विपक्षी नेता) चाहते हैं कि मतदाता सूची में उन लोगों के नाम भी रहें जो वहां नहीं हैं, जैसे घुसपैठियों के? क्या यह सच नहीं है कि कभी-कभी रोहिंग्या या ऐसे ही अन्य लोग अवैध रूप से अपना नाम मतदाता सूची में जुड़वा लेते हैं? अगर काम पूरी ईमानदारी से हो रहा है, तो इसमें आपत्ति क्या है?’’

प्रसाद ने कहा कि संदेश स्पष्ट है कि विपक्षी नेता इस मुद्दे का राजनीतिकरण कर उन लोगों को लाभ पहुंचाना चाहते हैं, जिनका नाम अवैध रूप से मतदाता सूची में शामिल किया गया है।

उन्होंने कहा, ‘‘वास्तविकता यह है कि वे बिहार चुनाव नहीं जीतेंगे, जैसे वे हरियाणा, महाराष्ट्र और दिल्ली में हार गए थे। इसकी जानकारी उन्हें भी है।’’

भाजपा की ओर से यह प्रतिक्रिया ऐसे समय में आई है जब कांग्रेस नेता राहुल गांधी, राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता तेजस्वी यादव और अन्य विपक्षी नेता बुधवार को मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के खिलाफ बिहार में राज्यव्यापी बंद में शामिल हुए।

मतदाता सूची के पुनरीक्षण के समय और मंशा पर सवाल उठाते हुए विपक्षी दलों ने आरोप लगाया है कि निर्वाचन आयोग ने यह प्रक्रिया राज्य में विधानसभा चुनावों से कुछ महीने पहले शुरू की है, ताकि ‘‘काफी संख्या में मतदाताओं को मताधिकार से वंचित किया जा सके’’ और सत्तारूढ़ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन को लाभ पहुंचाया जा सके।

भाषा धीरज वैभव

वैभव

Check out our other content

Check out other tags:

Most Popular Articles