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Sunday, August 31, 2025

पूर्वोत्तर में बाढ़ : भारतीय सेना ने राहत अभियान शुरू किया, करीब 3800 लोगों को बचाया गया

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गुवाहाटी, 10 जुलाई (भाषा)भारतीय सेना ने पूर्वोत्तर के कई राज्यों में भारी बारिश और बाढ़ के मद्देनजर व्यापक मानवीय सहायता और आपदा राहत अभियान (एचएडीआर) शुरू किया है। बृहस्पतिवार को जारी एक आधिकारिक बयान में यह जानकारी दी गई।

सेना के मुताबिक उसने पूरे क्षेत्र में 40 राहत टुकड़ियां तैनात की हैं और कुल 3,820 लोगों को बचाया है।

सेना ने नगालैंड, असम और मणिपुर में समन्वित तैनाती के साथ ‘ऑपरेशन जल राहत-2’ के तहत बचाव अभियान शुरू किया है।

बयान के मुताबिक, ‘‘इन प्रयासों का नेतृत्व असम राइफल्स (उत्तर) के मुख्यालय महानिरीक्षक द्वारा स्थानीय नागरिक प्रशासन के सहयोग से किया जा रहा है।’’

इसके अनुसार सेना ने अबतक खाने के 1,361 पैकेट बांटे हैं और पानी की 15,421 बोतलें वितरित की हैं। सेना द्वारा 2,095 लोगों को चिकित्सा सहायता प्रदान की गई है।

असम के गोलाघाट में धनसिरी नदी के खतरे के निशान के ऊपर बहने कारण सेना ने ऊपरी जिलों में एचएडीआर अभियान शुरू किया है।

बयान के मुताबिक, ‘‘असम की नदियों में हालांकि जल स्तर घट रहा है, लेकिन सेना स्थिति पर लगातार नजर रख रही है और जरूरत पड़ने पर कार्रवाई करने के लिए तैयार है।’’

सेना ने नगालैंड के संदर्भ में बताया कि दीमापुर के उपायुक्त ने बृहस्पतिवार को सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में से एक सिंगरिजन कॉलोनी में तत्काल बाढ़ राहत अभियान के लिए सेना से मदद मांगी।

विज्ञप्ति के मुताबिक, ‘‘सेना ने इंजीनियर टास्क फोर्स (ईटीएफ) टीम की तैनाती के साथ त्वरित प्रतिक्रिया दी। हालांकि, बाद में मौखिक रूप से सेना को वापस बुलाने का आदेश प्राप्त हुआ, लेकिन सेना मुख्यालय आईजीएआर (एन) स्थित बाढ़ राहत नियंत्रण केंद्र के माध्यम से संसाधन जुटाकर तैयार है।’’

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सेना ने बताया कि मणिपुर में इंफाल पश्चिम और बिष्णुपुर जिलों से होकर बहने वाली नाम्बोल नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है।

बयान के मुताबिक, ‘‘बाढ़ का पानी कम होने लगा है, लेकिन सेना प्रशासनिक अधिकारियों के साथ समन्वय में राहत कार्यों में सक्रिय रूप से मदद कर रही है।’’

भाषा धीरज खारी

खारी

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