पणजी, 25 जुलाई (भाषा) गोवा के पर्यटन मंत्री रोहन खंवटे ने कहा है कि राज्य को बीते आठ वर्षों में केंद्र से विभिन्न परियोजनाओं के लिए 383.20 करोड़ रुपये का अनुदान मिला है।
इन परियोजनाओं में छत्रपति शिवाजी महाराज को समर्पित एक संग्रहालय भी शामिल है।
खंवटे ने बृहस्पतिवार को विधानसभा में बताया कि केंद्र सरकार द्वारा मार्च 2017 से जून 2025 के बीच यह अनुदान की राशि जारी की गई।
उन्होंने कहा कि ‘कोस्टल सर्किट वन’ के विकास के लिए 97.65 करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं, जिसमें सिंक्वेरिम, बागा, अंजुना, वागाटोर, मोरजिम केरी के समुद्र तट और उत्तरी गोवा जिले में अगुआड़ा किला और अगुआड़ा जेल शामिल हैं।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) विधायक कृष्णा दाजी सालकर द्वारा पूछे गए एक प्रश्न के लिखित उत्तर में खंवटे ने कहा कि इसी तरह ‘कोस्टल सर्किट टू’ के विकास के लिए राज्य को 99.35 करोड़ रुपये प्रदान किए गए हैं, जिसमें पणजी में ‘रुआ डे ओरेम’ खाड़ी से ‘डोना पाउला’ और दक्षिण गोवा में बेनौलिम शामिल हैं।
मंत्री ने कहा कि केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय की ‘प्रशाद’ योजना के अंतर्गत पुराने गोवा में ‘बोम जीसस बेसिलिका’ (गिरजाघर) के आसपास अवसंरचना के विकास पर 4.67 करोड़ रुपये खर्च किए गए। पुराने गोवा में स्थित ‘द बेसिलिका’ में सेंट फ्रांसिस के जेवियर के अवशेष रखे गए हैं।
उन्होंने बताया कि केंद्र ने दक्षिण गोवा के कोलवा समुद्र तट के विकास और उत्तरी गोवा के पोरवोरिम में ‘खाड़ी अनुभव’ को और अच्छा करने के लिए अपनी ‘स्वदेश दर्शन योजना 2.0’ के तहत 4.14 करोड़ रुपये भी जारी किए हैं।
मंत्री के अनुसार, पणजी के पास चिम्बल गांव में ‘यूनिटी मॉल’ परियोजना के लिए पूंजी निवेश के लिए राज्यों को केंद्र की विशेष सहायता के तहत 50 करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं। मंत्री ने कहा कि केंद्र ने गोवा को प्रतिष्ठित पर्यटन केंद्रों के विकास के लिए 124 करोड़ रुपये भी दिए हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने दो बड़ी परियोजनाओं का प्रस्ताव दिया है, जिनमें पोरवोरिम में टाउन चौक और पोंडा के फार्मागुडी में छत्रपति शिवाजी महाराज को समर्पित एक संग्रहालय शामिल है।
भाषा सुरभि
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