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Sunday, August 31, 2025

भारत महत्वपूर्ण खनिजों में आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा: प्रधानमंत्री

Newsभारत महत्वपूर्ण खनिजों में आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा: प्रधानमंत्री

(तस्वीर के साथ)

नयी दिल्ली, 15 अगस्त (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को कहा कि भारत महत्वपूर्ण खनिजों के मामले में आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है और 1,200 से अधिक स्थानों पर खनिज अन्वेषण अभियान जारी हैं।

प्रधानमंत्री मोदी ने 79वें स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा कि आज पूरी दुनिया महत्वपूर्ण खनिजों को लेकर बहुत सतर्क हो गई है और लोग इसकी क्षमता को अच्छी तरह समझने लगे हैं।

मोदी ने कहा, ‘जो बात कल तक ज्यादा ध्यान में नहीं थी, वह आज केंद्र में है। महत्वपूर्ण खनिजों में आत्मनिर्भरता भारत के लिए भी बेहद जरूरी है।’

लिथियम, कोबाल्ट, दुर्लभ पृथ्वी खनिज और ग्रेफाइट जैसे महत्वपूर्ण खनिजों का उपयोग इलेक्ट्रॉनिक चिप्स और घरेलू उपकरणों से लेकर इलेक्ट्रिक वाहनों एवं सौर पैनलों तक कई क्षेत्रों में किया जाता है।

हाल के दिनों में ऐसे खनिजों की मांग कई गुना बढ़ गई है, क्योंकि दुनिया भर के देश स्वच्छ ऊर्जा की ओर बढ़ रहे हैं और ग्रीन हाउस गैस उत्सर्जन में कटौती कर रहे हैं।

मोदी ने लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए कहा, ‘चाहे वह ऊर्जा क्षेत्र हो, उद्योग क्षेत्र हो, रक्षा क्षेत्र हो या प्रौद्योगिकी क्षेत्र हो, महत्वपूर्ण खनिज आज प्रौद्योगिकी में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। और इसी कारण से, हमने राष्ट्रीय महत्वपूर्ण मिशन शुरू किया है।’

प्रधानमंत्री ने कहा कि 1,200 से अधिक स्थानों पर अन्वेषण अभियान जारी हैं और महत्वपूर्ण खनिजों के मामले में भी देश आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।

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उन्होने ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनने पर जोर देते हुए कहा कि इससे देश के आयात बिल में कटौती होगी।

मोदी ने कहा, ‘‘अगर हम ऊर्जा के लिए निर्भर न होते, तो वह धन हमारे युवाओं के काम आता, मेरे देश के गरीबों को गरीबी से लड़ने में मदद करता, मेरे देश के किसानों के कल्याण में काम आता, मेरे देश के गांवों की स्थिति बदलने में उपयोगी होता। लेकिन हमें यह धन दूसरे देशों को देना पड़ता है। अब हम इसमें आत्मनिर्भर बनने की दिशा में काम कर रहे हैं।’’

भाषा योगेश प्रेम

प्रेम

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