नयी दिल्ली, 25 जुलाई (भाषा) सरकार ने शुक्रवार को संसद में कहा कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में देशभर में 200 से अधिक ‘डे केयर कैंसर सेंटर’ (डीसीसीसी) की स्थापना को मंजूरी दी गई है, जिनमें आंध्र प्रदेश में 14 केंद्र शामिल हैं।
स्वास्थ्य राज्य मंत्री प्रतापराव जाधव ने लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में बताया कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) कैंसर पंजीकरण आंकड़े का उपयोग करके राष्ट्रीय स्तर पर विश्लेषण किया और केंद्रीय बजट 2025-26 में घोषणा के अनुसार, राज्यों के परामर्श से ‘डे केयर कैंसर सेंटर’ की स्थापना की योजना बनाई।
मंत्री ने बताया कि अधिक जोखिम वाले जिलों को प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने बताया कि राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा प्रस्ताव प्रस्तुत किये गए और संसाधनों का अधिकतम उपयोग करने एवं दोहराव से बचने के लिए राष्ट्रीय कार्यक्रम समन्वय समिति (एनपीसीसी) द्वारा उन्हें अंतिम रूप दिया गया।
उन्होंने बताया, ‘‘वित्त वर्ष 2025-26 के लिए, देश भर में 200 से अधिक डे केयर कैंसर सेंटर स्थापित करने की मंजूरी दी गई है, जिनमें आंध्र प्रदेश में 14 ऐसे केंद्र शामिल हैं।’’
जाधव ने संसद के निचले सदन में एक अन्य प्रश्न के लिखित उत्तर में बताया कि इस साल 20 जुलाई तक 30 वर्ष और उससे अधिक आयु की 25.42 करोड़ महिलाओं में से 10.18 करोड़ की गर्भाशय-ग्रीवा (सर्विकल) कैंसर के लिए जांच की जा चुकी है।
उन्होंने लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में बताया कि देश में गर्भाशय-ग्रीवा कैंसर की जांच के वर्तमान अनुपात में सुधार के प्रयास किये गए हैं।
मंत्री ने बताया कि हालांकि, स्वास्थ्य राज्य का विषय है, फिर भी केन्द्र ने आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के माध्यम से तथा सामुदायिक स्तर पर कल्याण गतिविधियों को बढ़ावा देने, और संचार के माध्यम से कैंसर की रोकथाम के प्रयासों को मजबूत किया है।
जाधव ने बताया, ‘‘राष्ट्रीय एनसीडी (गैर संचारी रोग) पोर्टल के अनुसार, 20 जुलाई 2025 तक 30 वर्ष और उससे अधिक आयु की 25.42 करोड़ महिलाओं की आबादी में से 10.18 करोड़ की गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर के लिए जांच की जा चुकी है।’’
भाषा सुभाष अविनाश
अविनाश